प्रेग्नन्सी टेस्ट करने का सही समय

By | January 25, 2019


माँ बनना हर महिला के लिये बहुत ही खास और जिंदगी का सबसे खूबसुरत पल होता है। प्रेग्नंट होने का एहसास हर महिला को रोमांचित कर देता है। शादी के बाद हर महिला की माँ बनने की इच्छा होती है। गर्भवती होना उस महिला के हार्मोन्स और शरीर के उपर निर्भर करता है। लेकींन सभी महिलाये इसी दुविधा में फसी रहती है कि प्रेग्नन्सी टेस्ट कब कराए। बहुत सी महिलाओं के मॅन में यह भी सवाल आता है कि सेक्स करने के दिनों बाद प्रेग्नन्सी टेस्ट करना चाहीए। यह टेस्ट के सही समय की जानकारी होना बहुत जरुरी है। यदी आपका टेस्ट निगेटिव्ह आता है, तो घबराने की जरूरत नहीं है। पीरियड्स न आना प्रेग्नंट होने का पहला लक्षण है, लेकीन और भी कई कारण है जिसकी वजह से पीरियड्स नहीं आते। घर पर हम यह टेस्ट कर सकते है और उसके लिये अच्छी गुणवत्ता वाली प्रेग्नन्सी टेस्ट किट की जरूरत है। घर पे किया हुआ टेस्ट 99% सही होता है। इस लेख के जरीए हम आपको बता देते है कि प्रेग्नन्सी टेस्ट करने का सही समय क्या होता है।

पीरियड्स के पहले टेस्ट:

प्रेग्नंट होने के लक्षण दिखने पर आप पीरियड्स के पहले टेस्ट कर सकते है। बाजार में कुछ विशेष तरिके की प्रेग्नन्सी टेस्ट किट मिलती है। जिसके उपयोग से पीरियड्स मिस होने के पहले प्रेग्नन्सी का पता चलता है। जल्दी टेस्ट करने पर रिजल्ट की अचूकता कम हो जाती है। यानी की समय से पहले टेस्ट करने से रिजल्ट निगेटिव्ह भी मिल सकता है। प्रेग्नन्सी टेस्ट किट से पीरियड्स मिस होने के 5 दिन पहले प्रेग्नन्सी का पता चल सकता है। इसमें वो महिला प्रेग्नंट भी हो सकती है और नहीं भी हो सकती। अगर रिजल्ट निगेटिव्ह आता है तो, पीरियड्स मिस होने के बाद प्रेग्नन्सी टेस्ट करे।

पीरियड्स के बाद टेस्ट:

जब महिला प्रेग्नंट होती है तब उसके शरीर में HCG हार्मोन्स की मात्रा बढ जाती है और इन्ही हार्मोन्स के आधार पर प्रेग्नन्सी का पता चलता है। पीरियड्स मिस होने के बाद पहले दिन इन हार्मोन्स की मात्रा बढने के कारण प्रेग्नन्सी टेस्ट अचूक रिजल्ट देती है। सही रिजल्ट पाने के लिये पीरियड्स मिस होने के बाद 5 से 10 दिनों में टेस्ट करना चाहीए। इस समय महिला के शरीर में HCG हार्मोन्स की मात्रा टेस्ट करने के लिये सक्षम होती है।

सेक्स के बाद पीरियड्स मिस होना यह प्रेग्नन्सी का पहला लक्षण है। इसके अलावा और भी कई लक्षणे है जिससे प्रेग्नंट होने का पता चलता है। जैसे की स्तनों में बदलावं होना, युरिन में तकलीफ होना, सुबह कमजोरी महसुस होना, सिर में दर्द होना इत्यादी। प्रेग्नन्सी टेस्ट सुबह-सुबह किजीए, इससे प्रेग्नन्सी टेस्ट पॉझिटिव्ह होने की संभावना अधिक होती है।

####

loading...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

loading...